एलन मस्क की बड़ी भविष्यवाणी; 36 महीनों में अंतरिक्ष बनेगा AI का सबसे सस्ता ठिकाना

  • Friday March 13 2026 - 12:09 PM
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नई दिल्ली। दुनिया के सबसे अमीर उद्यमियों में से एक Elon Musk ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के भविष्य को लेकर एक बड़ा दावा किया है कि आने वाले 36 महीनों के भीतर AI चलाने के लिए सबसे सस्ती जगह पृथ्वी नहीं बल्कि अंतरिक्ष होगी। सोलर पैनल की 5 गुना ज्यादा क्षमता और बिना बैटरी के ऊर्जा मिलने से लागत घटेगी। सोलर पैनल की 5 गुना ज्यादा क्षमता और बिना बैटरी के ऊर्जा मिलने से लागत घटेगी।

मस्क ने यह बात हाल ही में द्वारकेश पटेल के पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान कही। उन्होंने बताया कि पृथ्वी पर AI डेटा सेंटर स्थापित करने और उन्हें ऊर्जा उपलब्ध कराने में कई सीमाएं हैं, जबकि अंतरिक्ष में यह काम कहीं ज्यादा सस्ता और प्रभावी हो सकता है।

अंतरिक्ष में AI डेटा सेंटर बनाने की योजना

मस्क ने कहा कि भविष्य में ऑर्बिटल डेटा सेंटर यानी पृथ्वी की कक्षा में स्थित AI डेटा सेंटर बनाए जा सकते हैं। इन डेटा सेंटरों को ऊर्जा देने के लिए सोलर पैनल का उपयोग किया जाएगा, जो अंतरिक्ष में धरती की तुलना में कहीं ज्यादा प्रभावी साबित होंगे। उनका कहना है कि अंतरिक्ष में सोलर पैनल पृथ्वी के मुकाबले लगभग 5 गुना अधिक ऊर्जा पैदा कर सकते हैं। इसके पीछे कई कारण हैं, जैसे- अंतरिक्ष में दिन-रात का चक्र नहीं होता, बादल या मौसम का प्रभाव नहीं पड़ता, वायुमंडल नहीं होने से ऊर्जा की हानि नहीं होती। मस्क के अनुसार केवल वायुमंडल की वजह से ही पृथ्वी पर सौर ऊर्जा में करीब 30 प्रतिशत तक की कमी आ जाती है। 

बैटरी की जरूरत भी नहीं पड़ेगी

पृथ्वी पर चलने वाले डेटा सेंटरों में रात के समय ऊर्जा की आपूर्ति बनाए रखने के लिए बड़ी-बड़ी बैटरियों की जरूरत पड़ती है। लेकिन अंतरिक्ष में लगातार सूर्य की रोशनी मिलने के कारण बैटरियों की जरूरत लगभग खत्म हो जाएगी, जिससे लागत और कम हो सकती है। मस्क ने कहा कि इन कारणों से भविष्य में AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए अंतरिक्ष सबसे सस्ता विकल्प बन सकता है।

30 से 36 महीनों में संभव

मस्क का दावा है कि यह बदलाव बहुत दूर नहीं है। उनके मुताबिक अगले 30 से 36 महीनों के भीतर अंतरिक्ष में AI डेटा सेंटर स्थापित होने की संभावना है। उन्होंने कहा,बहुत जल्द AI चलाने के लिए सबसे सस्ती जगह अंतरिक्ष होगी

GPU की विश्वसनीयता पर भी बोले मस्क

AI ट्रेनिंग के दौरान इस्तेमाल होने वाले GPU चिप्स की विश्वसनीयता को लेकर भी मस्क ने अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि शुरुआती टेस्टिंग और डिबगिंग के बाद ये चिप्स काफी भरोसेमंद साबित होते हैं। चाहे ये चिप्स Nvidia, Tesla या अन्य कंपनियों द्वारा बनाए गए हों, शुरुआती समस्याएं दूर होने के बाद वे लंबे समय तक स्थिर रूप से काम करते हैं।

AI इंफ्रास्ट्रक्चर का भविष्य

मस्क के इस बयान से साफ है कि आने वाले समय में AI इंफ्रास्ट्रक्चर पृथ्वी से बाहर भी विकसित हो सकता है। अगर अंतरिक्ष में डेटा सेंटर बनते हैं, तो इससे न केवल ऊर्जा लागत घटेगी बल्कि AI की क्षमता और स्केल भी तेजी से बढ़ सकता है। तकनीकी विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह योजना सफल होती है, तो यह AI और स्पेस टेक्नोलॉजी दोनों के क्षेत्र में बड़ा बदलाव साबित हो सकती है।